Ek kadam swachhata ki aur एक कदम स्वच्छता की ओर

Sajan kumar  /  People & Blogs

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नवल राष्ट्र निर्माण  की भावना से प्रेरित ‘स्वच्छ भारत अभियान’ राष्ट्रभक्ति की दिशा में किया गया एक अभूतपूर्व सकारात्मक प्रयास है। महात्मा गांधी का सपना था कि सभी भारतवासी स्वच्छता के बारे में सीखें और उस  पर अमल करें। पर्यावरण की  स्वच्छता उनकी सर्वप्रथम प्राथमिकता थी। महात्मा गांधी का विचार था कि यदि सभी छोटे -बड़े नागरिक अपने घर, आस-पास एवं सार्वजनिक स्थलों की सफाई का ध्यान रखें तो हमारा मुल्क सुन्दर दिखेगा और हम बीमारियों से बचेंगे।

राष्ट्रपिता महात्मा गांधी के अधूरे सपनों को साकार कर उन्हें सच्ची श्रद्धांजलि देने के उद्देश्य से २ अक्टूबर 2014 को  प्रधनमंत्री  के नेतृत्व में स्वच्छ भारत अभियान की शुरुआत इण्डिया गेट पर की गई। इस अभियान से 30 लाख सरकारी कर्मचरियों  जोड़ा गया और सफाई की प्रतिज्ञा की गई।

देश के  प्रधानमंत्री द्वारा स्वच्छता की दिशा में की गई पहल ने राष्ट्र के प्रत्येक जनमानस में नवल क्रांति का सन्देश  दिया जिससे  जनचेतना जागृत  हुई । इसका प्रभाव यह हुआ की बड़े -बड़े राजनेता,अभिनेता एवं देश की महान हस्तियों ने स्वयं को इस अभियान से जोड़ा। इस अभियान के द्वारा राजनीति एवं जाति -धर्म से परे राष्ट्रभक्ति की भावना का सन्देश प्रत्येक भारतवासी तक पहुँचाने का प्रयास किया जा रहा है।

2 अक्टूबर को महात्मा गांधी के जन्मदिवस पर आमतौर पर सार्वजनिक अवकाश रहता है किन्तु 2 अक्टूबर 2014 को प्रधानमंत्री ने पूर्ण कार्यदिवस घोषित कर सरकारी कर्मचारियों ,नौकरशाहों ,मंत्रियों एवं विद्यालय प्रशासन को निर्देशित किया गया कि सम्बंधित विभागों ,कार्यालयों एवं शौचालयों की सफाई का  कार्य गंभीरता पूर्वक करने  की दिशा में इस संकल्प के  साथ प्रयास करें  कि न राष्ट्र को गन्दा करेंगे और न गन्दा करने देंगे।यह अभियान एक जनजागरण है।

विद्यार्थियों को स्वच्छ भारत अभियान में शामिल करने के लिए सी.बी.एस.ई. द्वारा विद्यालयों में विद्यार्थियों के प्रत्येक वर्ग के लिए ऑन लाइन प्रतियोगिता आयोजित की गई। प्रतियोगिता के द्वारा बच्चों को सफाई और स्वास्थ्य शिक्षा तथा गन्दगी एवं कूड़े-कचरे से होने वाले नुकसान के प्रति जागरूक किया गया।’भारत स्वछता अभियान’ की पूर्णता में भारत द्वारा की गयी कोशिश मानव श्रृंखला बनकर स्वच्छ एवं स्वस्थ भारत के सपने कोअवश्य साकार करेगा और हमारा मुल्क एक दिन सौंदर्य के चर्मोत्कर्ष तक पहुंचेगा।